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Author name: Amritesh

शैक्षिक क्रांति के जनक: कर्मवीर भाऊराव पाटिल !! Father of Educational Revolution: Karmaveer Bhaurao Patil !!

शैक्षिक क्रांति के जनक: कर्मवीर भाऊराव पाटिल !! Father of Educational Revolution: Karmaveer Bhaurao Patil !! कर्मवीर भाऊराव पाटिल (जैन) महाराष्ट्र प्रांत के शैक्षिक क्रांति के जनक माने जाते हैं। आपने शिक्षा को जनसामान्य तक पहुँचाने के लिए पढ़ाई के साथ कमाई का सिद्धान्त लागू किया था। भारत में कर्मवीर भाऊराव पाटिल के नाम से […]

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विश्व की प्राचीनतम लिपि: ब्राह्मी लिपि !! World’s oldest script: Brahmi script !!

विश्व की प्राचीनतम लिपि: ब्राह्मी लिपि !! World’s oldest script: Brahmi script !! ब्राह्मी लिपि भारतवर्ष की प्राचीनतम लिपि है। तीर्थंकर ऋषभदेव की ब्राह्मी और सुन्दरी दो पुत्रियाँ थीं। बाल्यावस्था में वे ऋषभदेव की गोद में जाकर बैठ गईं। ऋषभदेव ने उनके विद्याग्रहण का काल जानकर लिपि और अंकों का ज्ञान कराया। ब्राह्मी दायीं ओर

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दानवीर भामाशाह !! Danveer Bhamashah !!

दानवीर भामाशाह !! Danveer Bhamashah !! भारतीय इतिहास में मेवाड़ोद्धारक दानवीर भामाशाह का नाम बड़े ही गौरव के साथ लिया जाता है। भामाशाह स्वामिभक्त एवं दानवीर होने के साथ—साथ जैनधर्म के परम श्रद्धालु श्रावक थे। हल्दी घाटी के युद्ध में पराजित महाराणा प्रताप के लिए उन्होंने अपनी निजी सम्पत्ति में इतना धन दान दिया था

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आदि चिह्न : स्वस्तिक !! Ancient Symbol: Swastika !!

आदि चिह्न : स्वस्तिक !! Ancient Symbol: Swastika !! स्वस्तिक प्राचीन काल से जैन संस्कृति में मंगल प्रतीक माना जाता रहा है इसलिए किसी भी शुभ कार्य को करने से पहले स्वस्तिक चिह्न अंकित किया जाता है। शिलांकित प्राचीन स्वस्तिक दूसरी शताब्दी ईसा पूर्व सम्राट् खारवेल के अभिलेख में और मथुरा के शिल्प में उपलब्ध

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संविधान सभा में जैन !! Jain in the Constituent Assembly !!

संविधान सभा में जैन !! Jain in the Constituent Assembly !!  भारत का संविधान २६ जनवरी, १९५० को लागू हुआ, जिसे गणतंत्र दिवस के रूप में प्रतिवर्ष मनाते हैं। संविधान सभा लगभग ३ वर्ष (२ वर्ष, ११ महीने, १७ दिन) कार्यरत रही। उसके कुल ११ सत्र हुए और १६५ बैठकें हुई । प्रारूप समिति की १४१

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भारतीय संविधान में भगवान वर्धमान !! lord vardhaman in indian constitution !!

भारतीय संविधान में भगवान वर्धमान !! lord vardhaman in indian constitution !! भारतीय संविधान की सुलिखित प्रति के ६३वें पृष्ठ पर अंकित जैनों के २४ वे तीर्थंकर वर्धमान—महावीर की तप में लीन मुद्रा का एक चित्र Vardhmana Mahavir, the 24th Tirthankara in a meditative posture, another illustration form the Calligraphed edition of the Constitution of India.

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भारत के प्रमुख जैन वैज्ञानिक डॉ. विक्रम अंबालाल साराभाई !! Prominent Jain Scientist of India Dr. Vikram Ambalal Sarabhai !!

भारत के प्रमुख जैन वैज्ञानिक डॉ. विक्रम अंबालाल साराभाई !! Prominent Jain Scientist of India Dr. Vikram Ambalal Sarabhai !! डॉ. विक्रम साराभाई   डॉ. विक्रम अंबालाल साराभाई भारत के प्रमुख जैन वैज्ञानिक थे। इन्होंने ८० वैज्ञानिक शोधपत्र लिखे एवं ४० संस्थान खोले। आपने अंतरिक्ष अनुसंधान के क्षेत्र में भारत को अंतर्राष्ट्रीय मानचित्र पर स्थान

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स्वतंत्रता संग्राम में जैन !! Jain in freedom struggle!!

स्वतंत्रता संग्राम में जैन !! Jain in freedom struggle!!   सन् १८५७ की जनक्रान्ति से प्रारम्भ हुआ भारतीय स्वतंत्रता संग्राम सन् १९४७ ई. तक चलता रहा। ९० वर्षों की इस आजादी की लड़ाई में अनेक जैन देशप्रेमियों ने जेलों की यातनाएँ सहीं, पुलिस के डंडे की मार सही एवं अन्त में हँसते—हँसते मौत को गले

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विदेशों में जैन साहित्य !! Jain literature abroad !!

विदेशों में जैन साहित्य !! Jain literature abroad !! लंदन स्थित अनेक पुस्तकालयों में भारतीय ग्रंथ विद्यमान हैं, जिनमें से एक पुस्तकालय में तो लगभग १५०० हस्तलिखित भारतीय ग्रंथ हैं और अधिकतर ग्रंथ प्राकृत—संस्कृत भाषाओं में हैं और जैनधर्म से सम्बन्धित हैं। जर्मनी में लगभग ५ हजार पुस्तकालय हैं। इनमें से र्बिलन स्थित एक पुस्तकालय

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वीर निर्वाण संवत् सबसे प्राचीन !! Veer Nirvana Samvat is the oldest !!

वीर निर्वाण संवत् सबसे प्राचीन !! Veer Nirvana Samvat is the oldest !! विभिन्न धर्मों में अपने महापुरुषों के नाम से संवत् चलाने की परम्परा रही है। जैनधर्म में भी भगवान महावीर की निर्वाणतिथि के आधार पर वीर निर्वाण संवत् का प्रचलन है। यह हिजरी, विक्रम, ईसवी, शक आदि संवतों से अधिक पुराना है एवं

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